
उत्तराखंड में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंत्रियों को विभागों (पोर्टफोलियो) की जिम्मेदारी सौंपने के बाद अब प्रशासनिक स्तर पर बड़े बदलाव के संकेत दे दिए हैं। सरकार के इस फैसले के बाद सियासी और अफसरशाही गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
सूत्रों के मुताबिक, अब अगला बड़ा कदम विभागों के सचिवों में बदलाव को लेकर हो सकता है। माना जा रहा है कि मंत्री अपने-अपने भरोसेमंद अधिकारियों को तैनात कराने की कोशिश करेंगे। लंबे समय से यह चर्चा रही है कि कई मामलों में मंत्री और सचिवों के बीच तालमेल की कमी देखने को मिलती है, ऐसे में “अपनी टीम” बनाने की कवायद तेज हो सकती है।
बताया जा रहा है कि धामी सरकार अपने चार साल पूरे होने के बाद आईएएस और पीसीएस अधिकारियों के बड़े पैमाने पर तबादले कर सकती है। इस संभावित फेरबदल में कई अहम जिलों के जिलाधिकारी (DM) भी प्रभावित हो सकते हैं।
सूत्रों की मानें तो जिन जिलों में बदलाव की सबसे ज्यादा संभावना है, उनमें
देहरादून
हरिद्वार
ऊधम सिंह नगर
उत्तरकाशी
शामिल हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह प्रशासनिक बदलाव सिर्फ कामकाज को तेज करने के लिए नहीं, बल्कि आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति का भी हिस्सा हो सकता है। धामी सरकार अब पूरी तरह चुनावी मोड में नजर आ रही है और जमीनी स्तर पर मजबूत पकड़ बनाने के लिए प्रशासनिक ढांचे को दुरुस्त करने पर जोर दिया जा रहा है।
क्या है संकेत?
मंत्रियों की पसंद के सचिवों की तैनाती संभव
बड़े स्तर पर IAS-PCS तबादलों की तैयारी
चार बड़े जिलों में DM बदलने के आसार
चुनाव से पहले प्रशासनिक कसावट पर फोकस


