देहरादून में आँखों की रोशनी की नई क्रांति: डॉ. गौरव लूथरा का दृष्टि मॉडल बना प्रदेश की पहचान , पढ़े दृष्टि संस्थान का अबतक का सफ़र?
30,000 से अधिक सफल लेज़र सर्जरी: आधुनिक तकनीक से रोशनी लौटा रहा दृष्टि आई हॉस्पिटल, उत्तराखंड का पहला NABH मान्यता प्राप्त नेत्र अस्पताल

देहरादून
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में नेत्र उपचार के क्षेत्र में एक मजबूत और विश्वसनीय पहचान बना चुका दृष्टि आई इंस्टीट्यूट आज अत्याधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ सेवाओं के लिए जाना जाता है। संस्थान के निदेशक एवं वरिष्ठ मोतियाबिंद सर्जन डॉ. गौरव लूथरा के नेतृत्व में यह संस्थान पिछले एक दशक से मरीजों को उच्च स्तरीय नेत्र चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध करा रहा है।

डॉ. गौरव लूथरा ने बताया कि दृष्टि नेत्र संस्थान केवल सामान्य नेत्र जांच और उपचार तक सीमित नहीं है, बल्कि जटिल नेत्र रोगों की उन्नत सर्जरी में भी अग्रणी भूमिका निभा रहा है। विशेष रूप से पिछले 10 वर्षों से लेजर-सहायता प्राप्त (Laser Assisted) मोतियाबिंद सर्जरी में संस्थान ने उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। आधुनिक मशीनों और माइक्रो-प्रिसिजन तकनीक के माध्यम से सर्जरी अधिक सुरक्षित, सटीक और शीघ्र रिकवरी वाली हो गई है।
ग्लूकोमा (काला मोतिया) जैसे गंभीर नेत्र रोगों के उपचार में भी यह संस्थान देहरादून में नई दिशा देने वाला साबित हुआ है। दृष्टि आई इंस्टीट्यूट शहर का पहला ऐसा संस्थान है जिसने आईस्टेंट और न्यूनतम इनवेसिव ग्लूकोमा सर्जरी (MIGS) जैसी उन्नत तकनीकों को शुरू किया। इन आधुनिक प्रक्रियाओं से मरीजों को कम चीरा, कम दर्द, कम जोखिम और तेजी से सामान्य जीवन में लौटने की सुविधा मिलती है।
संस्थान में अत्याधुनिक ऑपरेशन थिएटर, डिजिटल डायग्नोस्टिक उपकरण, रेटिना और कॉर्निया से संबंधित जांच सुविधाएं तथा अनुभवी नेत्र विशेषज्ञों की टीम उपलब्ध है। यहां मरीजों को व्यक्तिगत परामर्श, पारदर्शी उपचार प्रक्रिया और फॉलो-अप के साथ समग्र देखभाल दी जाती है।
दृष्टि आई इंस्टीट्यूट ने अपने गुणवत्तापूर्ण उपचार, तकनीकी नवाचार और मानवीय संवेदनशीलता के कारण देहरादून सहित आसपास के जिलों में भी विश्वास कायम किया है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
डॉ. गौरव लूथरा ने अपनी प्रारंभिक स्कूली शिक्षा देहरादून से पूरी की। इसके बाद उन्होंने देश के प्रतिष्ठित मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज, नई दिल्ली से एमबीबीएस तथा एमडी की उपाधि प्राप्त की। उच्च स्तरीय चिकित्सा शिक्षा और प्रशिक्षण ने उन्हें नेत्र सर्जरी के क्षेत्र में विशेषज्ञता प्रदान की।
देहरादून में शुरुआत से प्रतिष्ठा तक
चिकित्सा शिक्षा पूर्ण करने के बाद डॉ. लूथरा ने देहरादून लौटकर दृष्टि आई क्लिनिक के नाम से अपनी सेवाएं प्रारंभ कीं, जो समय के साथ विकसित होकर आज दृष्टि आई इंस्टीट्यूट के रूप में स्थापित हो चुका है।
राष्ट्रीय स्तर पर सक्रिय भूमिका
डॉ. गौरव लूथरा केवल एक सफल सर्जन ही नहीं, बल्कि नेत्र चिकित्सा से जुड़ी राष्ट्रीय व राज्य स्तरीय संस्थाओं में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। वे Intraocular Implant and Refractive Society of India (IIRSI) के अध्यक्ष तथा Uttarakhand State Ophthalmological Society के मानद महासचिव हैं। इन पदों के माध्यम से वे नेत्र चिकित्सा में नई तकनीकों, शोध और प्रशिक्षण को बढ़ावा दे रहे हैं।
मरीजों का भरोसा
आधुनिक उपकरणों, अनुभवी टीम और मरीज-केंद्रित दृष्टिकोण के कारण दृष्टि आई इंस्टीट्यूट आज देहरादून और आसपास के क्षेत्रों में विश्वास का प्रतीक बन चुका है।
उच्च शिक्षा, आधुनिक तकनीक और सेवा भाव के साथ – डॉ. गौरव लूथरा का दृष्टि आई इंस्टीट्यूट देहरादून में बेहतर दृष्टि का सशक्त केंद्र बन चुका है।
उत्तराखंड का पहला पूर्ण NABH मान्यता प्राप्त नेत्र अस्पताल बना दृष्टि आई हॉस्पिटल
देहरादून स्थित Drishti Eye Institute (दृष्टि आई हॉस्पिटल) वर्ष 2022 से उत्तराखंड का पहला पूर्ण रूप से NABH मान्यता प्राप्त नेत्र अस्पताल बनकर प्रदेश में गुणवत्ता पूर्ण नेत्र चिकित्सा का नया मानक स्थापित कर रहा है।
वर्ष 2002 से चश्मा हटाने की लेज़र सर्जरी के क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रहा यह संस्थान अब तक 30,000 से अधिक मरीजों का सफल उपचार कर चुका है। अस्पताल में अत्याधुनिक तकनीकों जैसे SMILE, Contoura Vision और ICL सर्जरी के माध्यम से मरीजों को सुरक्षित और प्रभावी उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है।
डॉ गौरव लूथरा ने बताया कि दृष्टि आई हॉस्पिटल क्षेत्र का प्रमुख रेटिना सर्जरी रेफरल सेंटर भी है। यहां चार पूर्णकालिक रेटिना सर्जन सेवाएं दे रहे हैं, जिन्हें चेन्नई के Sankara Nethralaya और University of California, अमेरिका से विशेष प्रशिक्षण प्राप्त है। इनमें प्रमुख रूप से डॉ. सौरभ लूथरा शामिल हैं, जो जटिल रेटिना सर्जरी में विशेषज्ञता रखते हैं।
इसके साथ ही दृष्टि आई हॉस्पिटल पिछले 15 वर्षों से उन्नत रेटिना सर्जरी एवं लेज़र रिफ्रैक्टिव सर्जरी में फेलोशिप कार्यक्रम भी संचालित कर रहा है, जिससे देश-प्रदेश के युवा नेत्र चिकित्सकों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है।
प्रदेश में आधुनिक तकनीक, विशेषज्ञ डॉक्टरों और उच्च मानकों के साथ दृष्टि आई हॉस्पिटल ने नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित की है।


