
देहरादून: आख़िरकार मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अंकिता भंडारी हत्याकांड में पीड़ित माता–पिता की अनुरोध और उनकी भावनाओं का सम्मान करते हुए पुरे प्रकरण की CBI जांच कराए जाने की संस्तुति प्रदान कर दी है..इस पुरे प्रकरण पर मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने स्पष्ट किया कि सरकार का उद्देश्य शुरू से अंत तक निष्पक्ष,पारदर्शी और संवेदनशील तरीके से न्याय सुनिश्चित के मकसद से CBI कराने का निर्णय लिया है. और न्याय का कार्य आगे भी ज़ारी रहेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वर्गीय बहन अंकिता भंडारी के साथ हुई इस अत्यंत दुखद एवं हृदयविदारक घटना की जानकारी मिलते ही राज्य सरकार ने बिना किसी विलंब के पूर्ण संवेदनशीलता और निष्पक्षता के साथ महिला आईपीएस के नेतृत्व में SIT गठित कर कार्रवाई की है.मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला आईपीएस अधिकारी के नेतृत्व में विशेष जांच दल (SIT) ने अब तक़ त्वरित कार्रवाई की है. इसी का नतीजा रहा कि तीन आरोपी अभी तक वर्षों से जेल में है.उन्होंने कहा SIT द्वारा गहन विवेचना के पश्चात अभियुक्तों के विरुद्ध चार्जशीट दाखिल की गई और निचली अदालत द्वारा सुनवाई पूर्ण होने पर अभियुक्तों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।
मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि उन्होंने स्वयं स्वर्गीय अंकिता भंडारी के माता–पिता से मुलाकात की. इस बातचीत के दौरान उन्होंने मामले की CBI जांच कराए जाने का अनुरोध किया.ऐसे में स्वर्गीय अंकिता के माता–पिता के इस अनुरोध और उनकी भावनाओं का पूर्ण सम्मान करते हुए राज्य सरकार ने इस प्रकरण की CBI से जांच कराने का निर्णय लिया है.मुख्यमंत्री ने जोर देते हुए कहा कि राज्य सरकार पहले भी न्याय सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध रही है. और आगे भी पूरी दृढ़ता एवं संवेदनशीलता के साथ बहन अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए संकल्पबद्ध रहकर कार्य करेगी।



