उत्तराखंड

गुरु रविदास जयंती की पूर्व संध्या पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का संदेश

संत रविदास जी की शिक्षाएँ समानता, मानव सेवा और सामाजिक समरसता की आधारशिला

Listen to this article
  • गुरु रविदास जयंती की पूर्व संध्या पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का संदेश
  • संत रविदास जी की शिक्षाएँ समानता, मानव सेवा और सामाजिक समरसता की आधारशिला

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संत रविदास जयंती पर प्रदेशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि संत रविदास जी की गणना भारत के महान संतों में की जाती है। उन्होंने जीवनपर्यंत मानव सेवा को अपना लक्ष्य बनाए रखा तथा समाज को समानता, एकता और भाईचारे का संदेश दिया।

मुख्यमंत्री ने गुरु रविदास की जयंती की पूर्व संध्या पर जारी अपने संदेश में कहा कि संत रविदास जी ने अपनी शिक्षाओं के माध्यम से जाति, धर्म और वर्ग के भेदभाव से ऊपर उठकर मानवता की सेवा करने की प्रेरणा दी। उन्होंने छुआछूत, सामाजिक असमानता और कुरीतियों के विरुद्ध आवाज बुलंद की तथा प्रेम, करुणा और सत्य के मार्ग पर चलने का संदेश दिया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि संत शिरोमणि गुरु रविदास जी का सपना एक ऐसे समाज का था जहाँ प्रत्येक व्यक्ति को समान अधिकार, सम्मान और अवसर प्राप्त हों। उनके विचार आज भी समाज को एकजुट करने और सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करने के लिए प्रासंगिक एवं प्रेरणादायक हैं।

मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे संत रविदास जी की शिक्षाओं को आत्मसात करते हुए सभी की भलाई के लिए कार्य करें तथा उनके बताए मार्ग पर चलते हुए समाज में व्याप्त बुराइयों एवं कुरीतियों को दूर करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहें।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कामना की कि संत रविदास जी की शिक्षाएँ सभी के जीवन में शांति, सद्भाव और सकारात्मकता का संचार करें तथा प्रदेश निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर हो।

Adil Rao

एडिटर इन चीफ

Adil Rao

एडिटर इन चीफ

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!