उत्तरकाशी के केदारताल में रेस्क्यू अभियान तेज, संकरी घाटी बन रही चुनौती

उत्तरकाशी। केदारताल क्षेत्र में लापता पर्वतारोहियों की तलाश के लिए रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है। संकरी घाटी और दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों के कारण बचाव अभियान में चुनौती आ रही है। जिला प्रशासन के अनुसार, एसडीआरएफ और नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम) की 10 सदस्यीय टीम को हेलिकॉप्टर से संबंधित क्षेत्र में उतारा गया है। टीम सुबह से खोजबीन अभियान कर रही है। वहीं, गंगोत्री नेशनल पार्क की टीम भी निचले हिस्से से आगे बढ़ते हुए खोह और गुफाओं में तलाश करेगी।
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने बताया कि केदारताल का क्षेत्र संकरी घाटी में स्थित है, जिससे हेलिकॉप्टर के माध्यम से लापता लोगों की तलाश करना चुनौतीपूर्ण हो रहा है। उन्होंने पिछले महीने कालिंदी पास (कालिंदी खाल) ट्रेक के पास फंसे पर्वतारोहियों के रेस्क्यू अभियान का उदाहरण देते हुए बताया कि वहां की भौगोलिक स्थिति इससे अलग थी। वह क्षेत्र खुला और चौड़ा था, जहां हेलिकॉप्टर उतर सकता था। इसके अलावा, हेलिकॉप्टर से पर्वतारोहियों को देखना और पर्वतारोहियों के लिए बचाव दल को देख पाना भी अपेक्षाकृत आसान था।
उन्होंने बताया कि केदारताल क्षेत्र में एसडीआरएफ और निम की 10 सदस्यीय टीम को उतारा गया है। यह टीम मंगलवार को दोबारा खोजबीन करेगी। इसके साथ ही गंगोत्री नेशनल पार्क की टीम नीचे की ओर से आगे बढ़ेगी और उन स्थानों पर तलाश करेगी, जहां कोई व्यक्ति सुरक्षा के लिहाज से आश्रय ले सकता है। इसमें खोह और गुफाएं भी शामिल हैं।
प्रशासन के अनुसार, मंगलवार को मौसम साफ रहने की संभावना है। इससे रेस्क्यू अभियान में मदद मिलने की उम्मीद है। जरूरत पड़ने पर अन्य बचाव दलों की भी सहायता ली जाएगी।



