
नगर निगम की बोर्ड बैठक के दौरान भाजपा-कांग्रेस पार्षदों के बीच जमकर हंगामा हुआ। इस दौरान 82 प्रस्तावों में से मात्र नौ पार्षदों के प्रस्तावों पर ही चर्चा हो पाई। इसके बाद शाम पांच बजे बोर्ड बैठक को बृहस्पतिवार के लिए स्थगित कर दिया। बैठक के दौरान सदन में किन्नरों के लिए अधिकतम 5100 रुपये निर्धारण और सभी वार्डों में समान रूप से पर्यावरण मित्रों की तैनाती के साथ पर्यावरण मित्रों की तीन सौ रुपये प्रतिदिन मानदेय बढ़ाने के प्रस्ताव सर्वसम्मति से सदन ने एकमत से पास किए।
मेयर सौरभ थपलियाल की अध्यक्षता में बैठक शुरू होते ही कांग्रेस पार्षद कोमल वोहरा के नेतृत्व में सभी कांग्रेस पार्षद मेयर-नगर आयुक्त के आसन के सामने आ गए। पार्षदों ने कुछ दिन पूर्व हुई कांग्रेस की रैली के पोस्टर हटाने का जबरदस्त विरोध करते हुए जवाब मांगा और जवाब नहीं मिलने तक सदन न चलने न देने की बात कहने लगे। कांग्रेस पार्षदों की ओर से हंगामा किए जाने भाजपा पार्षदों ने इसका विरोध किया। इस बीच दोनों दलों के पार्षदों के बीच नोंकझोंक शुरू हो गई।
भाजपा विधायक बृजभूषण गैरोला ने जब समझाने का प्रयास किया तो उनके साथ भी कांग्रेसियों की बहस हो गई। बाद में किसी तरह अन्य पार्षदों ने मामला शांत कराया। पार्षदों के कहने पर प्रस्तावों की शुरुआत जनप्रतिनिधियों के प्रस्तावों पर चर्चा से शुरू हुई। विधायक बृजभूषण गैरोला ने बलिदानी कैप्टन धनीराम के नाम का नाम किसी चौक या मार्ग को दिए जाने का प्रस्ताव रखा गया। इसके बाद वार्ड-63 के पार्षद दिनेश केमवाल, वार्ड-36 की पार्षद अमिता सिंह, वार्ड-95 के पार्षद रविंद्र गुसाईं, वार्ड 24 के पार्षद विशाल कुमार, वार्ड-42 की पार्षद रेनू देवी, वार्ड-13 की पार्षद कोमल वोहरा, वार्ड-12 के पार्षद भूपेंद्र कठैत के प्रस्तावों पर चर्चा में ही शाम के पांच बज गए। इसके बाद बोर्ड बैठक स्थगित कर दी गई।



