गृह मंत्री ने उत्तराखंड में कांग्रेस पर तुष्टिकरण और भ्रष्टाचार के लगाए आरोप, पूर्व मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर दी चुनौती

देहरादून। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उत्तराखंड दौरे के दौरान कांग्रेस पर लगाए गए आरोपों के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। अमित शाह ने अपने संबोधन में कांग्रेस पर तुष्टिकरण की राजनीति करने और अपने कार्यकाल में भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय उत्तराखंड में शुक्रवार यानी जुम्मे की नमाज के लिए छुट्टी का प्रस्ताव लाया गया था। गृह मंत्री के इन आरोपों पर पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने पलटवार किया है। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि अमित शाह जुम्मे की छुट्टी या किसी भी घोटाले का प्रमाण दे दें तो वह राजनीति छोड़ देंगे।
हरीश रावत ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अमित शाह ने अपने संबोधन में उनका संदर्भ लेकर कुछ ऐसी बातें कहीं, जिनमें कोई तथ्य नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि गृह मंत्री के भाषण के दौरान मौजूद लोगों ने भी उनके दावों का तालियों से समर्थन नहीं किया। रावत ने इसे इस बात का संकेत बताया कि भाजपा के लोग भी इन आरोपों को सही नहीं मानते।
सचिवालय और भ्रष्टाचार के आरोपों पर भी दिया जवाब
हरीश रावत ने अमित शाह के उस आरोप पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने सचिवालय को कमीशन का अड्डा बताया था। रावत ने कहा कि वर्तमान में सचिवालय में काम सेवा भाव से हो रहा है और सरकार के मंत्री भी इसी भावना से काम कर रहे हैं। इसके बाद उन्होंने भाजपा सरकार के एक मंत्री से जुड़े कथित आय से अधिक संपत्ति के मामले का जिक्र किया।
रावत ने दावा किया कि एक मंत्री के पति ने 210 करोड़ रुपये की संपत्ति होने की बात कही थी और यह भी कहा था कि जब उनकी पत्नी उनके पास आई थीं तो उनके पास केवल साड़ी और चप्पल थीं। उन्होंने एक मंत्री के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में हाईकोर्ट के सीबीआई जांच के आदेश का भी उल्लेख किया। रावत ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार इस जांच की अनुमति नहीं दे रही है।
घोटालों का प्रमाण देने की दी चुनौती
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि वह घोटालों की चर्चा शुरू करेंगे तो भाजपा के हर कार्यालय में घोटाले सामने आएंगे। उन्होंने अमित शाह को चुनौती देते हुए कहा कि वह किसी एक घोटाले को ही प्रमाणित कर दें या जुम्मे की छुट्टी से संबंधित कोई सबूत दे दें। ऐसा होने पर वह राजनीति छोड़ने के साथ ही राज्य और देश की जनता से माफी मांग लेंगे।
स्टिंग ऑपरेशन को लेकर भी भाजपा पर लगाए आरोप
हरीश रावत ने शराब और स्टिंग ऑपरेशन से जुड़े आरोपों पर भी जवाब दिया। उन्होंने दावा किया कि स्टिंग ऑपरेशन अमित शाह और भाजपा के लोगों ने करवाए थे। रावत ने भाजपा नेताओं पर स्टिंग करने वालों का सहारा लेने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार चलाने के लिए जनकल्याणकारी नीतियों के बजाय स्टिंग करने वालों पर निर्भरता दिखाई दे रही है।
अमित शाह के आरोपों और हरीश रावत के पलटवार के बाद उत्तराखंड में कांग्रेस और भाजपा के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। एक ओर गृह मंत्री ने कांग्रेस के पुराने कार्यकाल को लेकर सवाल उठाए, वहीं रावत ने आरोपों को चुनौती देते हुए सबूत सार्वजनिक करने की मांग की है।



