देहरादून में बैंक कर्मचारियों का प्रदर्शन, पांच दिन बैंकिंग व्यवस्था लागू करने की मांग

देहरादून: राजधानी देहरादून में शुक्रवार, 18 सितंबर को बैंक कर्मचारियों ने पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने समेत विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। बैंक कर्मचारी घंटाघर के पास एश्ले हॉल स्थित सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के सामने एकत्र हुए और अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाई।
प्रदर्शन कर रहे बैंक कर्मचारियों का कहना है कि वे लंबे समय से पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने की मांग कर रहे हैं, लेकिन सरकार की ओर से अब तक इस पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। कर्मचारियों का कहना है कि इसी वजह से उन्हें सड़क पर उतरकर प्रदर्शन करना पड़ा।
बैंक कर्मचारियों ने कहा कि बैंकिंग क्षेत्र में लगातार डिजिटल सुविधाओं का विस्तार हुआ है और कर्मचारी छुट्टियों के दौरान भी कई तरह के कार्य करते हैं। इसके बावजूद उन्हें पांच दिवसीय कार्य व्यवस्था का लाभ नहीं मिल रहा है। कर्मचारियों का कहना है कि एलआईसी, नाबार्ड समेत कई अन्य क्षेत्रों में पांच दिवसीय कार्य व्यवस्था लागू है, जबकि बैंक कर्मचारियों की यह मांग अभी भी लंबित है।
ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कन्फेडरेशन के संयोजक इंदर रावत ने कहा कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लिया तो 28 और 30 सितंबर को देशव्यापी हड़ताल की जाएगी। इसके बाद भी मांग पूरी नहीं होने पर 20 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू करने की चेतावनी दी गई है।
इंदर रावत ने कहा कि बैंक कर्मचारी हड़ताल पर जाने से पहले इस बात का ध्यान रखते हैं कि बैंकिंग व्यवस्था पर अनावश्यक असर न पड़े। उनकी पहली कोशिश बातचीत के जरिए सरकार से समस्या का समाधान निकालने की है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की मांग किसी विशेष लाभ की नहीं, बल्कि बेहतर कार्य व्यवस्था और वर्क-लाइफ बैलेंस से जुड़ी है।
बैंक कर्मचारियों ने सरकार से पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने के साथ कर्मचारियों से जुड़े अन्य लंबित मुद्दों पर भी जल्द निर्णय लेने की मांग की है। कर्मचारियों का कहना है कि यदि सरकार उनकी मांगों को स्वीकार करती है तो वे आंदोलन समाप्त कर काम पर लौटने के लिए तैयार हैं।



