बकरीद पर देहरादून में नमाज और सुरक्षा के कड़े इंतजाम, पांच जोन में बंटा शहर

देहरादून: त्याग, बलिदान और भाईचारे का प्रतीक ईद-उल-अजहा (बकरीद) आज पूरे उत्साह और धार्मिक आस्था के साथ मनाई जा रही है। देहरादून समेत उत्तराखंडभर की मस्जिदों और ईदगाहों में सुबह से ही नमाज अदा की जा रही है। पर्व को लेकर मुस्लिम समुदाय में खासा उल्लास देखने को मिला। वहीं, पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए दून पुलिस ने शहर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। पूरे नगर क्षेत्र को पांच जोन, 11 सेक्टर और 35 सब सेक्टर में विभाजित कर पुलिस बल तैनात किया गया है।
बकरीद को लेकर बुधवार देर रात तक देहरादून के बाजारों में जबरदस्त रौनक देखने को मिली। पलटन बाजार, धामावाला, चकराता रोड समेत शहर के प्रमुख बाजारों में लोगों की भारी भीड़ उमड़ी रही। कपड़ों, सेवइयों, इत्र और अन्य जरूरी सामानों की दुकानों पर खरीदारी देर रात तक चलती रही। वहीं मंडियों में दिनभर बकरों की खरीदारी को लेकर लोगों में उत्साह दिखाई दिया।
आज सुबह से शहर की विभिन्न मस्जिदों और ईदगाहों में अलग-अलग समय पर ईद की नमाज अदा की गई। मुख्य नमाज चकराता रोड स्थित ऐतिहासिक ईदगाह में हुई, जहां हजारों की संख्या में अकीदतमंद पहुंचे। इसके अलावा सुभाष नगर माजरा ईदगाह में सुबह 7 बजे, मुस्लिम कॉलोनी ईदगाह में 7:15 बजे, पलटन बाजार जामा मस्जिद ईदगाह में 8 बजे, धामावाला जामा मस्जिद में 7 बजे, नया नगर इनामुल्लाह बिल्डिंग जामा मस्जिद में 7:45 बजे, माजरा जामा मस्जिद में 7:30 बजे, बड़ी मस्जिद कारगी, मस्जिद दिलाराम बाजार और जामा मस्जिद ईसी रोड में सुबह 7 बजे नमाज अदा की गई।
देहरादून के शहर काजी मुफ्ती हशीम अहमद कासमी ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि ईद की नमाज, कुर्बानी और तमाम दीनी अमल शरीअत, सफाई और कानून के दायरे में रहकर किए जाएं। उन्होंने कहा कि कुर्बानी के बाद साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाए और जानवरों के अवशेष खुले स्थानों पर न डाले जाएं, ताकि किसी को परेशानी न हो और सामाजिक सौहार्द बना रहे।
ईद-उल-जुहा पर्व को लेकर दून पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष तैयारी की है। पूरे नगर क्षेत्र को पांच जोन, 11 सेक्टर और 35 सब सेक्टर में विभाजित किया गया है। प्रत्येक जोन की जिम्मेदारी पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारियों को सौंपी गई है, जबकि सेक्टरों में निरीक्षक और थानाध्यक्ष तथा सब सेक्टरों में उपनिरीक्षकों की तैनाती की गई है।
संवेदनशील और मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। सभी थाना प्रभारियों, चौकी प्रभारियों और हल्का प्रभारियों को लगातार क्षेत्र में भ्रमणशील रहकर निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस ने पर्व से पहले विभिन्न थाना क्षेत्रों में सर्वधर्म समुदाय के गणमान्य लोगों के साथ बैठकें कर भाईचारे और सौहार्द बनाए रखने की अपील की थी।
पुलिस ने मुस्लिम समुदाय से निर्धारित स्थानों पर ही कुर्बानी देने और सड़क पर नमाज न पढ़ने का अनुरोध किया है। इसके साथ ही खुले में कुर्बानी देने और जानवरों के अवशेषों को खुले में परिवहन करने पर भी रोक लगाई गई है।
एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि पूर्व में विवादों में शामिल रहे तथा गौकशी और अवैध पशु कटान से जुड़े लोगों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई भी की जा रही है। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर विशेष निगरानी रखी जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की अफवाह या भ्रामक सूचना फैलाकर माहौल खराब करने की कोशिशों को समय रहते रोका जा सके। पुलिस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें प्रसारित करने या सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास करने वालों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
वहीं आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप ने भी बकरीद पर्व के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था और शांति समिति की बैठकों को लेकर अधिकारियों को कड़े निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस का सोशल मीडिया सेल पूरी तरह सक्रिय रहे और भ्रामक या आपत्तिजनक पोस्ट करने वाले तत्वों पर कड़ी निगरानी रखी जाए। यदि कोई भी व्यक्ति या असामाजिक तत्व क्षेत्र का माहौल खराब करने या शांति भंग करने का प्रयास करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
आईजी ने यह भी कहा कि त्योहारों के दौरान किसी भी नई परंपरा या प्रथा की अनुमति नहीं दी जाएगी। पूर्व वर्षों से चली आ रही परंपराओं और निर्धारित एसओपी के अनुसार ही सभी कार्यक्रम संपन्न कराए जाएंगे।
बकरीद के अवसर पर पूरे देहरादून शहर में भाईचारे, अमन और सौहार्द का माहौल देखने को मिला।



